खैरागढ़. जिला मुख्यालय स्थित रजिस्ट्रार कार्यालय में रोजाना सैकड़ों लोग जमीन की रजिस्ट्री करवाने पहुंच रहे हैं, लेकिन यहां आने वाले नागरिकों को पीने के पानी और बैठने जैसी बुनियादी सुविधाएं तक नसीब नहीं हो रही हैं। भीषण गर्मी के बीच दूर-दराज गांवों से पहुंचे ग्रामीण, महिलाएं और बुजुर्ग घंटों तक परेशान होते नजर आए।

गुरुवार को रजिस्ट्रार कार्यालय का हाल ऐसा रहा कि सुबह से अपनी बारी का इंतजार कर रहे कई लोग जमीन पर बैठने को मजबूर दिखे। कार्यालय परिसर में पर्याप्त बैठने की व्यवस्था नहीं होने के कारण लोगों को खुले परिसर और जमीन पर बैठकर समय बिताना पड़ा। वहीं पीने के पानी की व्यवस्था भी पूरी तरह चरमराई नजर आई। कार्यालय में लगा वाटर कूलर बंद पड़ा रहा और उसमें से पानी नहीं आने के कारण लोगों को बाहर से बोतलबंद पानी खरीदकर प्यास बुझानी पड़ी।

ग्रामीणों का कहना है कि रजिस्ट्री जैसे महत्वपूर्ण कार्य के लिए उन्हें कई किलोमीटर दूर से आना पड़ता है। घंटों लाइन में खड़े रहने के बाद भी यदि पीने का पानी और बैठने की सुविधा न मिले तो परेशानी और बढ़ जाती है। महिलाओं और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि प्रशासनिक अधिकारियों की अनदेखी के कारण लंबे समय से यह स्थिति बनी हुई है, लेकिन अब तक सुधार के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लोगों का कहना है कि जब सरकारी कार्यालयों में आम नागरिकों को न्यूनतम सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं, तो व्यवस्थाओं पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
हालांकि मामले में उप पंजीयक दिनेश रड़के ने बताया कि कार्यालय में पिछले कुछ दिनों से मरम्मत कार्य चल रहा है। उन्होंने कहा कि पानी की समस्या की जानकारी मिली है और जल्द ही वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी। उनके अनुसार कुछ दिनों में स्थिति सामान्य हो जाएगी।
भीषण गर्मी के मौसम में रजिस्ट्रार कार्यालय की यह बदहाल व्यवस्था विभागीय लापरवाही को उजागर कर रही है। नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल पेयजल, बैठने की व्यवस्था और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि रजिस्ट्री कराने आने वाले लोगों को राहत मिल सके।


