खैरागढ़. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के आह्वान पर दिल्ली के जंतर-मंतर में छात्र-छात्राओं पर कथित लाठीचार्ज तथा कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में लिए जाने के विरोध में बुधवार को जिला मुख्यालय खैरागढ़ में कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष कोमल साहू के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता टेंपो चौक में एकत्रित हुए और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया। इस दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच हल्की झूमा-झटकी भी देखने को मिली।

पुतला दहन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता इतवारी बाजार पहुंचे, जहां से युवा कांग्रेस के नेतृत्व में मशाल रैली निकाली गई। रैली बख्शी मार्ग, गोल बाजार, राजीव चौक और जय स्तंभ चौक होते हुए अंबेडकर चौक पहुंची। अंबेडकर चौक में कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए उनके इस्तीफे की मांग की।

इसके बाद अंबेडकर चौक से जय स्तंभ चौक तक NEET छात्रा हरिका राव की स्मृति में कैंडल मार्च निकाला गया। जय स्तंभ चौक में मोमबत्तियां जलाकर छात्रा को श्रद्धांजलि अर्पित की गई तथा दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई।

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि दिल्ली में अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर पुलिस ने बर्बरतापूर्वक बल प्रयोग किया। कांग्रेस का कहना है कि छात्रों की आवाज सुनने और उनकी समस्याओं का समाधान करने के बजाय सरकार ने दमनात्मक कार्रवाई की। नेताओं ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी, छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में लिए जाने की भी कड़ी निंदा की।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल इस्तीफा देने की मांग की। साथ ही परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने, पेपर लीक के मामलों की निष्पक्ष जांच कराने तथा छात्रों के भविष्य की सुरक्षा के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाने की मांग दोहराई।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष कोमल साहू ने कहा कि दिल्ली में छोटे-छोटे छात्र-छात्राओं के साथ पुलिस ने अमानवीय और बर्बरतापूर्ण कार्रवाई की। उन्होंने दावा किया कि कई छात्र गंभीर रूप से घायल होकर अस्पतालों में भर्ती हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों के समर्थन में आवाज उठाने वाले कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं को हिरासत में लेना लोकतंत्र पर हमला है। इसी के विरोध में खैरागढ़ में प्रधानमंत्री का पुतला दहन कर लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराया गया।
खैरागढ़ विधायक यशोदा नीलांबर वर्मा ने कहा कि छात्र देश का भविष्य हैं और उनकी लोकतांत्रिक आवाज को बलपूर्वक दबाना किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि छात्रों की समस्याओं का समाधान संवाद से होना चाहिए, न कि लाठीचार्ज और हिरासत जैसी कार्रवाई से। उन्होंने केंद्र सरकार से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने, परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की।
प्रदर्शन में पूर्व विधायक डोंगरगढ़ भुनेश्वर बघेल, महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव मयूरी सिंह, शहर कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. अरुण भारद्वाज, संदीप सिरमौर, मनराखन देवांगन, कपिनाथ महोबिया, हेमंत वैष्णव, दीपक देवांगन, जितेंद्र सिंह गौर, नदीम मेमन, यतेंद्र जीत सिंह, मनोहर सेन, रवींद्र सिंह गहरवार, दीनदयाल तोड़े, रिंकू गुप्ता, राजा सोलंकी, सूरज महिलकर, विश्वजीत सिंह, भूपेंद्र वर्मा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।





