दुर्ग. छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के पद्मनाभपुर थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां प्रेम संबंध में उपजे मामूली विवाद और शक की आग ने एक होनहार छात्रा की जान ले ली। मोबाइल कॉल रिसीव न करने जैसी छोटी सी बात पर हुए झगड़े के बाद, एक युवक ने अपनी प्रेमिका को मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?

मृतक युवती की पहचान युनेश्वरी वर्मा (26 वर्ष), निवासी ग्राम टाकम जिला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई के रूप में हुई है। वह दुर्ग के जीएम कॉलेज से बीएड की पढ़ाई कर रही थी और पुलगांव क्षेत्र में एक किराए के मकान में रहकर अपने भविष्य के सपने बुन रही थी। इसी कॉलेज में पढ़ने वाले बालोद जिले के देंगरापार निवासी कार्तिक राम साहू (27 वर्ष) के साथ उसका पिछले लंबे समय से प्रेम संबंध था।
वारदात की पटकथा: कॉल न उठाना बना काल
पुलिस पूछताछ में आरोपी कार्तिक ने जो खुलासा किया, वह चौंकाने वाला है। आरोपी ने बताया कि उसने युनेश्वरी को कई बार फोन किया, लेकिन उसने कॉल रिसीव नहीं किया। इसी बात से वह बुरी तरह चिढ़ा हुआ था।
बहला-फुसलाकर ले गया साथ: आरोपी शनिवार को पुलगांव पहुंचा और युनेश्वरी को बातचीत के बहाने अपनी बाइक पर बैठाकर सुभाष नगर स्थित अपने कमरे पर ले आया।
चरित्र पर संदेह और विवाद: कमरे में पहुंचते ही मोबाइल कॉल न उठाने को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। आरोपी ने बताया कि उसे युवती के चरित्र पर संदेह था, जिसके चलते बहस और उग्र हो गई।
आवेश में आकर ले ली जान: विवाद इतना बढ़ा कि गुस्से में अपना आपा खो चुके कार्तिक ने युनेश्वरी का गला दबा दिया। दम घुटने के कारण युवती ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
हत्या को अंजाम देने के बाद आरोपी भागने की फिराक में था, लेकिन पद्मनाभपुर थाना पुलिस ने सूचना मिलते ही घेराबंदी की और आरोपी को धर दबोचा। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।

"प्रथम दृष्टया मामला प्रेम प्रसंग और संदेह के चलते हुई हत्या का लग रहा है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उससे पूछताछ जारी है। कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।"
— स्थानीय पुलिस अधिकारी
एक उभरता करियर खत्म
इस घटना ने न केवल दो परिवारों को तबाह कर दिया, बल्कि शिक्षा नगरी के रूप में पहचान रखने वाले दुर्ग में सुरक्षा और युवाओं के बीच बढ़ते हिंसक व्यवहार पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। एक बीएड छात्रा, जो खुद शिक्षक बनकर समाज को दिशा देने वाली थी, वह "सनक" की भेंट चढ़ गई।


