खैरागढ़/ठेलकाडीह. नियति के क्रूर विधान और एक ही दिन में माता-पिता दोनों का साया सिर से उठ जाने की एक हृदय विदारक घटना ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है। प्रदेश आईटी सेल के सह-संयोजक एवं भारतीय जनता युवा मोर्चा के सक्रिय सदस्य शशांक साहू के माता-पिता का एक ही दिन हृदयाघात से निधन हो गया। इस दुखद समाचार के फैलते ही राजनीतिक गलियारों से लेकर आम जनमानस तक शोक की गहरी लहर व्याप्त हो गई है।
सदमे ने ली माँ की जान, पति के जाने के कुछ ही देर बाद तोड़ा दम
मिली जानकारी के अनुसार, यह मर्मस्पर्शी घटना 29 मार्च की दोपहर शुरू हुई जब शशांक साहू के पिता हरिश्चंद्र साहू को अचानक तीव्र हृदयाघात आया। परिजनों ने बिना समय गंवाए उन्हें राजनांदगांव के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। पति के निधन की यह कारुणिक खबर जैसे ही उनकी धर्मपत्नी श्रीमती दुर्गा साहू तक पहुँची, वे इस गहरे सदमे को बर्दाश्त नहीं कर सकीं। अस्पताल में ही उन्हें भी अचानक दिल का दौरा पड़ा और चिकित्सकों के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्होंने भी दम तोड़ दिया। एक ही दिन में दंपत्ति के इस तरह जाने से अस्पताल में मौजूद हर व्यक्ति की आँखें नम हो गईं।
जगन्नाथ पुरी की यात्रा पर थे शशांक साहू
दुख की घड़ी तब और भी मार्मिक हो गई जब यह पता चला कि घटना के वक्त शशांक साहू धार्मिक यात्रा पर जगन्नाथ पुरी (ओडिशा) में थे। माता-पिता के एक साथ चले जाने की सूचना मिलते ही वे सुध-बुध खोकर तुरंत वापस लौटे, लेकिन तब तक माता-पिता दोनों ही इस नश्वर संसार को अलविदा कह चुके थे। एक पुत्र के लिए अपने माता-पिता को एक साथ खो देने की यह क्षति असहनीय और अपूरणीय है।
ग्राम विचारपुर में उमड़ा जनसैलाब, नम आँखों से दी विदाई
इस दुखद घटना से शशांक साहू के गृह ग्राम विचारपुर (ठेलकाडीह) सहित पूरे क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है। आज आयोजित अंतिम संस्कार में समाज के हर वर्ग के लोग शामिल हुए। बड़ी संख्या में ग्रामीण, सामाजिक बंधु, विभिन्न दलों के जनप्रतिनिधि और संगठनों के सदस्य इस आदर्श दंपत्ति को अंतिम विदाई देने उनके पैतृक निवास पहुँचे। क्षेत्र के प्रबुद्धजनों और कार्यकर्ताओं ने इस कठिन समय में शशांक साहू एवं उनके परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।


