खैरागढ़. परंपरानुसार खैरागढ़ में शनिवार, 21 मार्च को मुस्लिम समाज द्वारा 'जश्ने ईद-उल-फितर' का त्योहार पूरे उत्साह और अकीदत के साथ मनाया गया। स्थानीय दाऊचौरा स्थित ईदगाह की पाक सरजमीं पर सुबह 9 बजे हजारों की संख्या में मुस्लिम भाइयों ने जामा मस्जिद के पेश इमाम हाफिज फखरुद्दीन मिस्बाही की अगुवाई में ईद की विशेष नमाज अदा की। शुक्रवार रात चांद की तस्दीक होने के बाद से ही पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा।
देश की खुशहाली के लिए उठे हजारों हाथ
ईदगाह में नमाज के बाद पेश इमाम ने खुतबा पढ़ा और अंत में सलातो-सलाम के साथ मुल्क की तरक्की, अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआ मांगी गई। नमाज के संपन्न होते ही 'ईद मुबारक' के नारों के साथ लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर बधाइयां दीं। इसके पश्चात लोगों ने कब्रिस्तान पहुंचकर अपने मरहूमों (पूर्वजों) की मगफिरत के लिए फातिहा पढ़ी। नगर में दिनभर सेवई-खीर खिलाने और मुबारकबाद देने का सिलसिला चलता रहा।
सम्मान की अनूठी पहल

सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था में तैनात थाना प्रभारी अनिल शर्मा, एएसआई कमलेश बनाफर व अन्य जवानों को 'इकरा फाउंडेशन' ने खजूर व गुलाब भेंट कर सम्मानित किया। साथ ही कवरेज के लिए आए पत्रकारों ईला सिद्दीकी, प्रशांत सहारे, साकेत श्रीवास्तव, श्रेयांश सिंह बाबुल व खुमेश रजक का भी सम्मान किया गया। जिला सचिव याहिया नियाज़ी ने ईद को प्रेम और सांप्रदायिक सौहार्द का प्रतीक बताया।
धार्मिक महत्व: त्याग और इबादत का पर्व
इस्लाम धर्म की मान्यताओं के अनुसार, रमजान का पवित्र महीना इबादत, जकात और कुरान की तिलावत का होता है। जिला मुस्लिम समाज के सचिव मोहम्मद याहिया नियाज़ी ने बताया:
"ईद का त्योहार प्रेम और भाईचारे का प्रतीक है। यह आपसी मतभेद भुलाकर मानवता और करुणा के मार्ग पर चलने का संदेश देता है।"
ऐतिहासिक संदर्भ में माना जाता है कि 624 ईस्वी में पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब ने बद्र की लड़ाई में मिली फतह की खुशी में पहली बार मीठा खिलाकर ईद मनाई थी।
प्रमुख उपस्थितियां

इस मौके पर नगर पालिका उपाध्यक्ष अब्दुल रज्जाक खान, हाफिज मोहिब्बुल हक, हाफिज जियाउल हक, निवर्तमान सदर अरशद हुसैन, जफर हुसैन खान, हाजी नासिर मेमन, हाजी रिजवान मेमन, हाजी इमरान मेमन, हाजी मोहसिन अली, हाजी जाहिद अली, हाजी मुर्तजा खान, मो. इदरीस खान, कासिम खान, इकरा फाउंडेशन अध्यक्ष खलील कुरैशी, याहिया नियाज़ी, शमसुल होदा खान, डॉ. मकसूद अहमद, कय्यूम कुरैशी, जफर उल्लाह खान, जहीन खान, जुनैद खान, जमीर कुरैशी, रियाजुद्दीन कादरी, जमीर अहमद, फारुख मेमन, नाजिम होदा खान, जाकिर अली, कदीर कुरैशी, मतीन अशरफ, अय्यूब सोलंकी, सैय्यद अल्ताफ अली, समीर कुरैशी, सैय्यद शौकत अली, कलीम अशरफी, सलीम सोलंकी, तारिक अमान, सादिक मोतीवाला, जाफर झाडूदिया, शादाब खान, नदीम मेमन, सोहैल खान व राजा सोलंकी उपस्थित रहे। कांग्रेस नेताओं अरुण भारद्वाज, कपिनाथ महोबिया, रविंद्र सिंह गहरवार व सूर्यकांत यादव ने भी ईदगाह पहुंचकर मुबारकबाद दी।
सुरक्षा व्यवस्था: पुलिस अधीक्षक लक्ष्य विनोद शर्मा के निर्देशन में प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे, जिससे आयोजन शांतिपूर्ण संपन्न हुआ।


